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हिंदी दिवस पर रोसड़ा में भव्य समारोह का किया गया आयोजन वक्ताओं ने डॉ विपिन बिहारी ठाकुर के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर विस्तार पूर्वक प्रकाश डाला।

रोसड़ा। साहित्य परिषद रोसडा एवं बिपिन बिहारी ठाकुर स्मृति संस्थान के संयुक्त तत्वावधान में हिंदी दिवस शाह डॉ विपिन बिहारी ठाकुर की 12 वीं पुण्य स्मृति दिवस समारोह का आयोजन स्थानीय संत कबीर चिल्ड्रेंस एकेडमी के सभागार मैं समारोह का आयोजन किया गया इस अवसर पर मुख्य अतिथि राम रतन सिंह पटना ने कहा कि हिंदी को भारत की राष्ट्रभाषा के रूप में हिंदी को जाना जाता है इसके विश्वव्यापी प्रचार प्रसार के लिए सरकारी स्तर पर काम करने की जरूरत है। व्यवहार में हिंदी जन जन की भाषा है इसमें विश्व भाषा बनने की ताकत है। विशिष्ट अतिथि डॉक्टर गगन देव चौधरी ने हिंदी दिवस और डॉ विपिन बिहारी ठाकुर के व्यक्तित्व और कृतित्व पर विस्तार पूर्वक प्रकाश डाला उन्होंने कहा की हिंदी को और भी विस्तार मिलना चाहिए कामकाज न्यायालय और सरकारी कामकाज में इसका अधिक से अधिक प्रयोग होना चाहिए। इस अवसर पर साहित्य परिषद के सचिव प्रोफेसर प्रफुल्ल चंद्र ठाकुर ने कहा कि हिंदी को पूर्णरूपेण राज्य भाषा का दर्जा प्रदान करने के लिए अभी केंद्र सरकार ही सक्षम है। जब तक पूरे देश के राज्य का समर्थन राजभाषा के रूप में हिंदी को नहीं मिलता है तब तक इसे पूर्णरूपेण राजभाषा का दर्जा प्राप्त नहीं हो सकेगा। अब मात्र संसद द्वारा सांसदों द्वारा ही हिंदी को पूर्ण रूप से राज्य भाषा का दर्जा प्रदान करने की जरूरत है। उन्होंने कहां की विश्व भाषा बनने की राह में बढ़ रही हिंदी को अपने देश में और भी विस्तार पाने के लिए आम लोगों के सहयोग की जरूरत है। इस अवसर पर इस अवसर पर शिक्षक जयराम शर्मा,पृथ्वीराज वर्णवाल ,राम बालक सिंह, भत्ते बुद्ध प्रकाश, विजय वर्त कंठ, संजीव सिंह, प्रदीप कुमार पूर्वे, सोमेश्वर ठाकुर,  लोकनाथ ठाकुर, तृप्त नारायण झा,डा रंजना,शंकर सिंह सुमन,संतोष कुमार राय अधिवक्ता,राम स्वरूप सहनी, गुमनाम गौतम, रामबली सिंह, रामविलास साफी, लक्ष्मी महतो, साहित्य 1 दर्जन से अधिक लोगों ने हिंदी दिवस और डॉ ठाकुर के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर वक्तव्य और काव्य पाठ से अपनी अभिव्यक्ति दी इस अवसर पर राष्ट्रभाषा का महत्व भाषण प्रतियोगिता में विजेताओं को अतिथियों के द्वारा पुरस्कार प्रदान किया गया समारोह की अध्यक्षता कर रहे पूर्व प्रधानाचार्य प्रोफ़ेसर शिव शंकर प्रसाद सिंह अध्यक्ष साहित्य परिषद ने ऐसे समारोह को करते रहने पर बल दिया। उन्होंने हिंदी में डॉ ठाकुर के योगदान की चर्चा की उन्होंने कहां की हिंदी को मजबूती देने के लिए आम लोग संकल्पित हो और अपने जीवन में हिंदी को उतारे। रामस्वरूप साहनी रोसडाई ने मंच संचालन किया।समाचार के साथ साहित्य मंच पर उपस्थित करियो,साहित्यकारो की फोटो।

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